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मई 2026 | ✍️ मिट्टी गोल्ड ऑर्गेनिक | 🗂️
सरकारी योजनाएं
शुष्क राजस्थान में जल संचयन की अत्यंत आवश्यकता
राजस्थान देश का सबसे बड़ा और सबसे शुष्क राज्य है, जहां भूजल का स्तर बेहद नीचे चला गया है। सिंचाई के लिए पानी सुनिश्चित करने और वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देने के लिए, राजस्थान सरकार का कृषि विभाग खेत तालाब योजना (कृषि तालाब योजना) चलाता है। इस योजना के तहत किसानों को अपने खेत में तालाब खोदने और उसे पक्का करने के लिए भारी वित्तीय सहायता दी जाती है। तालाब मानसून के दौरान बारिश के पानी को इकट्ठा करता है, जिसका उपयोग फिर सर्दियों में रबी की फसलों की जीवन-रक्षक सिंचाई के लिए किया जा सकता है। यह योजना दो श्रेणियों में उपलब्ध है: प्लास्टिक-लाइन्ड तालाब (प्लास्टिक जियोमेम्ब्रेन शीट युक्त) और कच्चे तालाब। रेतीली मिट्टी में पानी के रिसाव को रोकने के लिए प्लास्टिक-लाइन्ड तालाब को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिसमें सरकार महिला, छोटे और सीमांत किसानों को 60% की सब्सिडी (अधिकतम ₹90,000) प्रदान करती है, जबकि सामान्य किसानों को 50% की सब्सिडी (अधिकतम ₹75,000) मिलती है।
न्यूनतम भूमि की आवश्यकता और तालाब का आकार
आवेदन करने के लिए किसान के पास कम से कम 0.3 हेक्टेयर कृषि योग्य भूमि होनी चाहिए। सब्सिडी वाले खेत तालाब के लिए मानक आकार 20 मीटर लंबाई x 20 मीटर चौड़ाई x 3 मीटर गहराई है (जिसमें लगभग 12 लाख लीटर पानी जमा किया जा सकता है)। रेतीली मिट्टी में पानी के रिसाव को पूरी तरह रोकने के लिए तालाब के तल में सरकार द्वारा अनुमोदित 300 से 500-माइक्रोन की एचडीपीई (HDPE) प्लास्टिक शीट लगाना अनिवार्य है।
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भूमि दस्तावेजों और जमाबंदी का सत्यापन
सुनिश्चित करें कि जमीन आपके नाम पर हो। अपने खेत का डिजिटल जमाबंदी (नकल) रिकॉर्ड प्राप्त करें जो छह महीने से पुराना न हो, साथ ही खेत का नक्शा भी लें।
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राज किसान साथी पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन
जन आधार कार्ड का उपयोग करके राज किसान साथी पोर्टल पर लॉग इन करें। कृषि अनुभाग के तहत "खेत तालाब योजना" का चयन करें और आवेदन भरें।
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भौतिक सत्यापन और तालाब का निर्माण
कृषि अधिकारी आपके खेत का भौतिक सत्यापन करेंगे। मंजूरी मिलने के बाद, निर्दिष्ट आकार के अनुसार तालाब खुदवाएं और अधिकृत एचडीपीई प्लास्टिक लाइनर शीट लगवाएं।
परिणामों की तुलना: खेत तालाब सिंचाई बनाम पूरी तरह वर्षा-आधारित खेती
राजस्थान में प्लास्टिक-लाइन्ड खेत तालाब का निर्माण करने से खेती में चमत्कारी बदलाव आते हैं:
- दोहरी फसल की पैदावार: संचित वर्षा जल के कारण किसान सर्दियों में सरसों या गेहूं जैसी रबी की फसलों को आसानी से उगा सकते हैं, जबकि पहले वे केवल मानसून की फसल पर निर्भर थे।
- रिसाव से 100% सुरक्षा: एचडीपीई प्लास्टिक जियोमेम्ब्रेन शीट रेत में पानी को सोखने से पूरी तरह रोकती है, जिससे पानी बारिश के बाद 6 महीने तक सुरक्षित रहता है।
- ड्रिप सिंचाई के साथ एकीकरण: तालाब के पानी को ड्रिप सिंचाई प्रणाली से जोड़कर उपयोग करने से पानी की 50% बचत होती है और फसल की बम्पर पैदावार होती है।
शुष्क क्षेत्रों में सूक्ष्म पर्यावरण का निर्माण
राजस्थान में खेत तालाब केवल सिंचाई का साधन नहीं हैं बल्कि वे रेगिस्तानी पक्षियों, मधुमक्खियों और वन्यजीवों के लिए पानी का एक बड़ा सहारा बनते हैं। इसके अतिरिक्त किसान तालाब में जैविक मत्स्य पालन (मछली पालन) करके अतिरिक्त कमाई भी कर सकते हैं।
तालाब की सुरक्षा और तारबंदी के नियम
खुले तालाब में पशुओं या जंगली जीवों के गिरने से होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा उपाय अनिवार्य हैं। सरकार के नियमानुसार किसानों को तालाब के चारों ओर मजबूत कंटीले तारों या लोहे की जाली की फेंसिंग करानी आवश्यक है, जिसके बिना अंतिम सब्सिडी का भुगतान नहीं किया जाता।
सुनिश्चित सिंचाई से बागवानी फसलों की खेती
खेत में पानी का तालाब होने से किसान कम मूल्य वाले बाजरे की जगह अनार, बेर और नींबू जैसी उच्च मूल्य वाली बागवानी फसलें उगा सकते हैं, जिससे उनकी सालाना कमाई तीन गुना तक बढ़ जाती है।
📅 आधिकारिक आवेदन और अंतिम तिथि मार्गदर्शिका
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आवेदन की अंतिम तिथि
परिवर्तनीय / जिला कोटा ("पहले आओ, पहले पाओ" आधार पर)
💧 राजस्थान खेत तालाब योजना: ऑनलाइन आवेदन सहायता
अपने खेत में तालाब खुदवाएं और सिंचाई के लिए पानी सुरक्षित करें। ऑनलाइन आवेदन और सब्सिडी प्राप्त करने में सहायता लें। WhatsApp: +91 95372 30173
राजस्थान खेत तालाब योजना अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
खेत तालाब योजना के तहत राजस्थान सरकार कितनी सब्सिडी देती है? +
प्लास्टिक-लाइन्ड तालाब के लिए छोटे, सीमांत और महिला किसानों को 60% सब्सिडी (अधिकतम ₹90,000) और सामान्य किसानों को 50% सब्सिडी (अधिकतम ₹75,000) दी जाती है।
सब्सिडी वाले खेत तालाब का आकार क्या होना चाहिए? +
तालाब का मानक आकार 20 मीटर लंबाई x 20 मीटर चौड़ाई x 3 मीटर गहराई होना चाहिए, जिसमें 12 लाख लीटर पानी संचित किया जा सके।
रेतीली मिट्टी में प्लास्टिक लाइनर क्यों जरूरी है? +
राजस्थान की रेतीली मिट्टी में कच्चे तालाब का पानी रिसाव (सीपेज) के कारण 2-3 दिनों में ही खत्म हो जाता है। एचडीपीई प्लास्टिक लाइनर पानी को सोखने से पूरी तरह रोकता है।
योजना में आवेदन के लिए कौन से दस्तावेज चाहिए? +
आपको जन आधार कार्ड, बैंक खाता पासबुक, जमीन की जमाबंदी (नकल) जो 6 महीने से पुरानी न हो और खेत का नक्शा चाहिए।
क्या केवल कृषि तालाब की जियोमेम्ब्रेन शीट के लिए कोई सब्सिडी है? +
नहीं, सब्सिडी एकीकृत है, जिसके लिए पहले तालाब की खुदाई की आवश्यकता होती है और उसके बाद अनुमोदित जियोमेम्ब्रेन लाइनर शीट की स्थापना की आवश्यकता होती है।